विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो) कोर्ट अपर जिला जज अर्चना सागर की अदालत ने घर के बाहर खेल रहे बच्चे को बहाने से अपने साथ ले जाकर कुकर्म करने वाले आरोपी को दोषी करार देते हुए 20 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई. वहीं दूसरे मामले में अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो) रजनी शुक्ला की अदालत ने 5 साल की मासूम को जंगल में ले जाकर दुष्कर्म और फिर हत्या करने के आरोपी को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है और दोषी पर 50 हजार रुपए का अर्थदंड भी लगाया गया है. साथ ही पॉक्सो अधिनियम के तहत 20 साल का कारावास और 50 हजार रुपए का अर्थदंड लगाया गया है.
गौर हो कि, पीड़ित ने 22 फरवरी 2021 को थाना रायपुर में शिकायत दर्ज कराई थी कि उनका 9 साल का बेटा 22 फरवरी 2021 को बच्चों के साथ घर के बाहर खेल रहा था. करीब साढ़े दस बजे मोहल्ले में रहने वाला अमीर दो बच्चों को जंगल में ले गया. आरोपी ने उनके बेटे के साथ कुकर्म किया और जब दोनों बच्चे वहां शोर मचाने लगे, जिसके बाद आरोपी के चंगुल से बच्चे भाग निकला. घर जाकर बच्चों ने अपनी मां को सारी बात बताई और पीड़ित की शिकायत के आधार पर आरोपी व्यक्ति के खिलाफ 22 फरवरी 2021 को रायपुर थाना पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपी की गिरफ्तारी की गई.
अधिवक्ता अल्पना थापा ने बताया है कि कोर्ट में पीड़ित बच्चे ने बयान दिए. बच्चे ने बताया कि वो सातवीं का छात्र है. आरोपी उसे स्कूटी पर बैठाकर एक प्लॉट में ले गया था. अदालत ने सभी बयानों को सुनने के बाद आरोपी को दोषी करार देते हुए 20 साल की सजा सुनाई और 10 हजार रुपए का अर्थदंड भी लगाया गया, जिसे अदा न करने पर दोषी को एक महीने की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी.
